Last Updated:March 05, 2026, 23:12 IST
राष्ट्रपति भवन ने देश के कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के संवैधानिक प्रमुखों की नियुक्तियों और तबादलों की एक व्यापक सूची जारी की है. इस बड़े प्रशासनिक फेरबदल के तहत दिल्ली, लद्दाख, बिहार और पश्चिम बंगाल सहित कई महत्वपूर्ण राज्यों में नए उपराज्यपाल और राज्यपालों को तैनात किया गया है.

सरकार ने देश के कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में बड़े संवैधानिक बदलावों की घोषणा की है. दिल्ली, लद्दाख, बिहार, पश्चिम बंगाल, हिमाचल प्रदेश और तेलंगाना में नए उपराज्यपाल (LG) और राज्यपालों की नियुक्ति की गई है. तरनजीत सिंह संधू को दिल्ली का नया उपराज्यपाल बनाया जाना और विनय कुमार सक्सेना को दिल्ली से लद्दाख भेजा गया है. बिहार में सैयद अता हसनैन राज्यपाल होंगे.
लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन (रिटायर्ड): राज्यपाल, बिहार
भारतीय सेना के दिग्गज अधिकारी लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन को बिहार का नया राज्यपाल नियुक्त किया गया है. जनरल हसनैन को रणनीतिक मामलों का विशेषज्ञ माना जाता है और उनके पास कश्मीर जैसे चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में काम करने का व्यापक अनुभव है. राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) के सदस्य के रूप में भी उन्होंने अपनी सेवाएं दी हैं. बिहार जैसे बड़े और जटिल राज्य में उनकी नियुक्ति प्रशासन में अनुशासन और सुरक्षात्मक दृष्टिकोण को मजबूती प्रदान करेगी. वे अपनी प्रखर वक्ता शैली और बौद्धिक विश्लेषण के लिए भी जाने जाते हैं.
तरनजीत सिंह संधू: उपराज्यपाल, दिल्ली
अमेरिका में भारत के पूर्व राजदूत रहे तरनजीत सिंह संधू को दिल्ली का नया उपराज्यपाल नियुक्त किया गया है. संधू एक मंझे हुए राजनयिक हैं, जिनके पास अंतरराष्ट्रीय कूटनीति का लंबा अनुभव है. उन्होंने वाशिंगटन डीसी और श्रीलंका जैसे महत्वपूर्ण मिशनों में भारत का प्रतिनिधित्व किया है. दिल्ली जैसे संवेदनशील और राजनीतिक रूप से सक्रिय केंद्र शासित प्रदेश में उनकी नियुक्ति केंद्र सरकार और राज्य प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है. उनकी छवि एक शांत लेकिन प्रभावी प्रशासक की रही है.
विनय कुमार सक्सेना: उपराज्यपाल, लद्दाख
दिल्ली के उपराज्यपाल रहे विनय कुमार सक्सेना को अब लद्दाख का नया उपराज्यपाल बनाया गया है. उन्होंने कविंदर गुप्ता का स्थान लिया है. सक्सेना को दिल्ली में उनके सक्रिय और विकास-केंद्रित दृष्टिकोण के लिए जाना जाता है. लद्दाख जैसे रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण और दुर्गम क्षेत्र में उनकी नियुक्ति बुनियादी ढांचे के विकास और सीमावर्ती सुरक्षा चिंताओं को सुलझाने में सहायक होगी. खादी और ग्रामोद्योग आयोग (KVIC) के अध्यक्ष के रूप में उनके अनुभव से लद्दाख के स्थानीय उद्योगों और पर्यटन को भी नई दिशा मिलने की उम्मीद है.
आर एन रवि: राज्यपाल, पश्चिम बंगाल
तमिलनाडु के राज्यपाल रहे आर एन रवि को अब पश्चिम बंगाल की जिम्मेदारी सौंपी गई है. पूर्व आईपीएस अधिकारी रवि का करियर उग्रवाद विरोधी अभियानों और पूर्वोत्तर भारत में शांति वार्ताओं (विशेषकर नगा शांति वार्ता) के लिए जाना जाता है. पश्चिम बंगाल में कानून-व्यवस्था और राजनीतिक उठापटक के बीच उनकी नियुक्ति काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है. कड़े प्रशासनिक फैसलों और संवैधानिक मर्यादाओं के प्रति उनकी निष्ठा अक्सर चर्चा में रहती है. बंगाल में केंद्र और राज्य के बीच संबंधों के लिहाज से उनका कार्यकाल बेहद अहम होगा.
कविंदर गुप्ता: राज्यपाल, हिमाचल प्रदेश
लद्दाख के उपराज्यपाल रहे कविंदर गुप्ता को अब हिमाचल प्रदेश का राज्यपाल नियुक्त किया गया है. उन्होंने शिव प्रताप शुक्ला का स्थान लिया है, जिन्हें तेलंगाना भेजा गया है. गुप्ता जम्मू-कश्मीर के पूर्व उपमुख्यमंत्री भी रह चुके हैं और उनके पास लंबा राजनीतिक व प्रशासनिक अनुभव है. हिमाचल जैसे पहाड़ी और पर्यटन प्रधान राज्य में उनका शांत स्वभाव और जमीनी पकड़ प्रशासन के लिए लाभदायक सिद्ध होगी. वे राज्य के विकास कार्यों और पर्यावरण संरक्षण के मुद्दों पर केंद्र के साथ सेतु का काम करेंगे.
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Mr. Gyanendra Kumar Mishra is associated with hindi.news18.com. working on home page. He has 20 yrs of rich experience in journalism. He Started his career with Amar Ujala then worked for 'Hindustan Times Group...और पढ़ें
Location :
Delhi,Delhi,Delhi
First Published :
March 05, 2026, 23:12 IST

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