इस कड़ाके की ठंड में भारत के समुद्री हिस्से से और एक टेंशन बढ़ाने की खबर आई है. भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी जारी की है कि दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी और पूर्वी भूमध्यरेखीय हिंद महासागर में बना कम दबाव का क्षेत्र तेजी से मजबूत हो रहा है, और अगले 12 घंटों में यह गहरा डिप्रेशन बन सकता है. इसके चलते दक्षिण भारत के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक मौसम का मिजाज बिगड़ा रहने वाला है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में गुरुवार से भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान जताते हुए अलर्ट जारी किया है. इसके साथ ही समुद्र में तेज हवाओं और ऊंची लहरों की चेतावनी दी गई है, जिसके चलते मछुआरों को समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी गई है.
मौसम विभाग के मुताबिक, दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी और उससे सटे पूर्वी भूमध्यरेखीय हिंद महासागर के ऊपर बना अवदाब बीते छह घंटों के दौरान करीब 18 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ा है. IMD का कहना है कि अगले 12 घंटों में इसके और अधिक प्रबल होकर गहरे अवदाब में बदलने की प्रबल संभावना है. इसके बाद यह यह सिस्टम पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी को पार करेगा, जिससे तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में गुरुवार से भारी बारिश की शुरुआत हो सकती है. दोनों समुद्रों में बन रहे इस बवंडर को देखते हुए मछुआरों को समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी गई है, क्योंकि यहां 35-45 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जो 55 किमी प्रति घंटे तक झोंकेदार हो सकती हैं.
उधर उत्तर भारत में ठंड और कोहरे का कहर जारी है, जहां पश्चिमी विक्षोभ और जेट स्ट्रीम के प्रभाव से तापमान काफी नीचे बना हुआ है. दिल्ली में भी अगले दो दिनों में न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट आएगी, जबकि पूरे देश में मौसम की यह हलचल यात्रा और दैनिक जीवन को प्रभावित कर सकती है.
कहां-कहां होगी भारी बारिश?
इस सिस्टम की वजह से तटीय तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल के कई इलाकों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. इस दौरान मयिलादुथुराई, नागपट्टिनम, तंजावुर, तिरुवरुर, पुदुकोट्टई और कराईकल में एक-दो स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है. रामनाथपुरम, शिवगंगा, तिरुचिरापल्ली, अरियालुर, कुड्डालोर, विल्लुपुरम और चेंगलपट्टू जिलों में भी भारी बारिश की चेतावनी दी गई है.
वहीं 10 जनवरी को बारिश और तेज हो सकती है. इस दिन तटीय इलाकों के साथ-साथ अंदरूनी जिलों में भी गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है. कुड्डालोर, विल्लुपुरम और चेंगलप ट्टू में बहुत भारी बारिश हो सकती है, जबकि चेन्नई, पुडुचेरी, नागपट्टिनम, तंजावुर, तिरुवरूर, कांचीपुरम और आसपास के जिलों में भारी बारिश की आशंका जताई गई है.11 और 12 जनवरी को बारिश की तीव्रता धीरे-धीरे कम होने की संभावना है, लेकिन उत्तरी तटीय तमिलनाडु और आसपास के कुछ अंदरूनी इलाकों में अभी भी कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है.
समुद्र में तेज हवाओं का खतरा
मौसम विभाग के अनुसार, बंगाल की खाड़ी, श्रीलंका तट, गल्फ ऑफ मन्नार और कोमोरिन क्षेत्र में 35 से 45 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जो झोंकों में 55 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं. ऐसे में मछुआरों को चेतावनी दी गई है कि वे आगामी दिनों तक समुद्र में न जाएं.
देश के अन्य हिस्सों में मौसम का हाल
वहीं उत्तर भारत में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से ठंड और कोहरे का असर बना हुआ है. राजस्थान, उत्तर प्रदेश और उत्तर मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में शीत दिवस और कहीं-कहीं गंभीर शीत दिवस की स्थिति दर्ज की गई है. दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और बिहार में भी ठंड और घने कोहरे की चेतावनी जारी की गई है.
उधर दिल्ली में अगले दो दिनों तक न्यूनतम तापमान में खास बदलाव नहीं होने की संभावना है, जबकि सुबह के समय घना कोहरा परेशानी बढ़ा सकता है. मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखें और आवश्यक सावधानियां बरतें.

1 day ago
