Putin Rejects Trump Claim: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इन दिनों वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में हिस्सा लेने के लिए स्विट्जरलैंड के दावोस पहुंचे हुए हैं. दावोस में उन्होंने नाटो के महासचिव मार्क रूटे से मुलाकात की है. इस मुलाकात के बाद ट्रंप ने मीडिया से बात करते हुए दावा किया कि रूस ने गाजा पीस बोर्ड में शामिल होने का उनका न्योता स्वीकार कर लिया है.
रूस की तरफ से प्रतिक्रिया
ट्रंप के इस बयान के कुछ ही देर बाद रूस की तरफ से प्रतिक्रिया सामने आ गई. रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने ट्रंप के दावे को गलत बताया है. उन्होंने रूस की सुरक्षा परिषद को जानकारी देते हुए कहा कि अमेरिका ने गाजा पीस बोर्ड में शामिल होने का जो प्रस्ताव भेजा है उस पर अभी विचार किया जा रहा है.
बता दें, पुतिन ने साफ कहा कि इस प्रस्ताव का अध्ययन विदेश मंत्रालय कर रहा है. इस पर फैसला सही समय आने पर ही लिया जाएगा. रूस ने अभी तक इस न्योते को न तो स्वीकार किया है. न ही खारिज किया है. इस तरह पुतिन ने ट्रंप के न्योता स्वीकार होने वाले दावे को सिरे से नकार दिया है.
गाजा पीस बोर्ड में कौन से देश शामिल
दरअसल ट्रंप ने गाजा में शांति के लिए एक ‘पीस ऑफ बोर्ड’ बनाने की बात कही है. इसके लिए उन्होंने रूस के अलावा कई और बड़े देशों को भी न्योता भेजा है. इनमें भारत, चीन, पाकिस्तान, तुर्की और कतर जैसे देश शामिल हैं.
ट्रंप का कहना है कि दुनिया के कई देश इस बोर्ड के जरिए गाजा में शांति की कोशिशों में शामिल होंगे. अब तक सामने आई जानकारी के मुताबिक सऊदी अरब, तुर्की, मिस्र, जॉर्डन, इंडोनेशिया, पाकिस्तान और कतर ने ट्रंप के इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है. वहीं चीन ने इस पहल पर आपत्ति जताई है.
चीन के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि अगर यह गाजा पीस बोर्ड संयुक्त राष्ट्र के दायरे में नहीं आता है, तो वह इस पहल को लेकर सहज नहीं है. चीन ने साफ किया है कि वह संयुक्त राष्ट्र के नेतृत्व वाली अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था का समर्थन करता है. उसी को सबसे मजबूत मानता है. गाजा पीस बोर्ड को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा तेज है. रूस के जवाब के बाद यह साफ हो गया है कि ट्रंप का दावा अभी पूरी तरह सही नहीं है.

2 hours ago
