Libya News: ठीक 14 साल पहले लीबिया के बेनगाजी में US मिशन पर हमला कर दिया गया था. इस हमले ने पूरे अमेरिका को झकझोर कर रख दिया था. हमले में एंबेसडर और तीन दूसरे अमेरिकी नागरिक मारे गए थे. ये हमला साल 2012 में हुआ था, जिसमें अब एक संदिग्ध को पकड़ा गया है, संदिग्ध, ज़ुबैर अल-बकूश को अमेरिका लाया गया है, जिसे लेकर FBI ने जानकारी दी है. जानिए FBI ने क्या कुछ कहा है.
अमेरिका लाया गया संदिग्ध
संदिग्ध को लेकर अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी ने कहा कि संदिग्ध, ज़ुबैर अल-बकूश को अमेरिका लाया गया है और उस पर हत्या और दूसरे आरोप लगेंगे. बोंडी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, FBI ने बेनगाजी हमले के एक खास व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया है. इस संदिग्ध का नाम बकूश है जिसे अब अमेरिकी धरती पर अमेरिकी न्याय का सामना करेगा.
आतंकवाद के हैं कई आरोप
जस्टिस डिपार्टमेंट ने कहा कि बकूश पर आठ आरोपों में आतंकवाद से जुड़े अपराध, हत्या और आगजनी के आरोप लगाए गए हैं. FBI डायरेक्टर काश पटेल ने यह बताने से मना कर दिया कि बकूश को कहां गिरफ्तार किया गया था, उन्होंने सिर्फ़ इतना कहा कि वह "विदेश" में था,
कब हुआ था हमला
बता दें कि 11 सितंबर, 2012 को लीबिया के दूसरे सबसे बड़े शहर में US कॉन्सुलेट पर हुए हमले में US एम्बेसडर क्रिस स्टीवंस और तीन अमेरिकन स्टाफ मारे गए थे, इस हमले का इल्जाम अल-कायदा से जुड़े जिहादी ग्रुप पर लगाया गया था. ऑटोमैटिक हथियारों और ग्रेनेड से लैस इस्लामी आतंकवादियों ने US कंपाउंड पर उस समय हमला किया जब तेल से अमीर नॉर्थ अफ्रीकी देश सिविल वॉर से जूझ रहा था. उन्होंने बिल्डिंग में आग लगा दी, जिससे स्टीवंस और IT स्पेशलिस्ट शॉन स्मिथ की धुएं में सांस लेने से मौत हो गई . इसके बाद फिर CIA एनेक्स पर भी हमला किया, जिसमें दो कॉन्ट्रैक्टर मारे गए, दोनों पहले नेवी सील्स में थे.
ग्रुप में शामिल था बाकूश
चार्जशीट के मुताबिक, बाकूश अंसार अल-शरिया का मेंबर था और 20 से ज्यादा भारी हथियारों से लैस आदमियों के ग्रुप में शामिल था, जिन्होंने बेनगाजी में US मिशन पर पहला हमला किया था, यह हमला, 1979 के बाद किसी अमेरिकन एम्बेसडर की जान लेने वाला पहला हमला था, जिसने यूनाइटेड स्टेट्स को बहुत सदमा दिया और उस समय के प्रेसिडेंट बराक ओबामा की एडमिनिस्ट्रेशन के लिए पॉलिटिकल तूफान खड़ा कर दिया.

1 hour ago
