कल सुबह तमिलनाडु पहुंचेगा तूफान, श्रीलंका में कहर बरपाने के बाद भारत में खतरा

44 minutes ago

मौसम विभाग ने शुक्रवार को कहा कि साइक्लोन दितवाह (Cyclone Ditwah) धीरे-धीरे तमिलनाडु के तट की ओर बढ़ रहा है. शनिवार, 29 नवंबर को भारी बारिश होने की संभावना है. मौसम विभाग ने बताया साइक्लोन दितवाह की वजह से तामिलनाडु, केरल, कर्नाटक, पुडुचेरी, तेलंगाना, और आंध्र प्रदेश में भारी बारिश की संभावना है. स्कूल-कॉलेज समेत फ्लाइट और ट्रेन सर्विस को रोका रोका गया है. हालांकि, मौसम विभाग ने बताया कि या तूफान रविवार 30 नवंबर को तामिलनाडु में लैंडफॉल कर सकता है. इसके सीधे तौर पर तट से टकराने की संभावना नहीं है, बल्कि पूर्वी तटीय इलाकों से होते हुए आगे बढ़ जाएगा. साथ ही मौसम विभाग वे भारी से बहुत ज्यादा बारिश, तेज हवाएं और शहरों में बाढ़ का खतरा हो सकता है.

श्रीलंका में आपातकाल की घोषणा
श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा डिसानायके ने देशभर में आपातकाल की घोषणा कर दी है. बिगड़ते हालात, बढ़ते प्रदर्शनों और कानून-व्यवस्था पर बढ़ते खतरे को देखते हुए सरकार ने यह बड़ा फैसला लिया. आपातकाल लागू होने के साथ ही सुरक्षा एजेंसियों को अतिरिक्त अधिकार मिले हैं, जिससे वे किसी भी अप्रिय घटना को तुरंत रोक सकें. राजधानी कोलंबो सहित कई संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है. राष्ट्रपति कार्यालय ने कहा कि यह कदम आम नागरिकों की सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक है. सरकार बातचीत से समाधान निकालने की बात कह रही है, लेकिन तनाव अभी भी बरकरार है.

श्रीलंका के बाद दक्षिण भारत की दहलीज पर चक्रवात दितवाह
श्रीलंका में करीब 120 लोगों की जान ले चुके चक्रवात दितवाह का खतरा अब भारत की ओर मुड़ गया है. IMD के मुताबिक तूफान बेहद तेज रफ्तार से उत्तर-उत्तरी-पश्चिम दिशा में बढ़ रहा है और रविवार तड़के तमिलनाडु, पुडुचेरी और दक्षिण आंध्र प्रदेश के तटों के बेहद करीब पहुंच जाएगा. शनिवार दोपहर यह जाफना से 80 किमी, वेदरनियम से 140 किमी और चेन्नई से 380 किमी दूर दर्ज किया गया. IMD ने इन तटीय इलाकों के लिए रेड अलर्ट जारी कर दिया है क्योंकि रात तक चक्रवात तट से सिर्फ 25–60 किमी की दूरी तक आ जाएगा. रविवार को तमिलनाडु और पुडुचेरी में भारी से अति भारी बारिश होने की चेतावनी है जबकि कुछ स्थानों पर 20 सेमी से ज्यादा वर्षा संभावित है. 1 दिसंबर से बारिश की तीव्रता कम होगी लेकिन कई इलाकों में तेज हवाओं और बारिश का प्रभाव बना रहेगा. समंदर में उठी यह विशाल लहरें अब दक्षिण भारत के दरवाजे पर दस्तक दे रही हैं.

वायुसेना ने श्रीलंका में पहुंचाई राहत सामग्री
चक्रवात दितवाह से श्रीलंका में हुई भारी तबाही के बाद भारत ने तुरंत ऑपरेशन सागर बंधु शुरू कर मानवीय सहायता पहुंचाई. भारतीय वायुसेना ने 28/29 नवंबर की रात हिंडन एयरबेस से एक C-130 और एक IL-76 विमान रवाना किए, जिनमें 21 टन राहत सामग्री, 80 से अधिक NDRF कर्मी और 8 टन उपकरण कोलंबो पहुंचाए गए. प्रभावित समुदायों के लिए आवश्यक राशन, चिकित्सा सहायता और जरूरी आपूर्ति तुरंत उपलब्ध कराई गई. नेबर फर्स्‍ट की नीति को दोहराते हुए भारत ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि संकट की घड़ी में श्रीलंका अकेला नहीं है, भारत उसके साथ मजबूती से खड़ा है.

यहां-यहां खतरा, IMD की चेतावनी

Operation Sagar Bandhu | Humanitarian Assistance

In the wake of the devastation caused by Cyclone Ditwah across Sri Lanka, India swiftly launched Operation Sagar Bandhu to bolster relief efforts.

The Indian Air Force promptly deployed one C-130 and one IL-76 from Hindan Air… pic.twitter.com/cIT7gKiPNs

साइक्लोन दितवाह की वजह से बारिश जारी है. केरल के इडुक्की जिले के तीन रिजर्वॉयर पानी का लेवल बढ़ने की वजह से रेड अलर्ट पर हैं, जबकि त्रिशूर और कोझिकोड रिज़र्वॉयर ऑरेंज अलर्ट पर हैं. आंध्र प्रदेश में, तिरुपति, चित्तूर, बापटला, प्रकाशम और SPSR नेल्लोर जिलों में भारी बारिश के लिए IMD का ऑरेंज अलर्ट है. अलर्ट वाले जिलों में रहने वालों, खासकर निचले और तटीय इलाकों में रहने वालों को घर के अंदर रहने और गैर-जरूरी यात्रा से बचने की सलाह दी गई है. मछुआरों को बार-बार समुद्र में न जाने की चेतावनी दी गई है.

श्रीलंका पहुंचा भारतीय बचाव और राहत दल

NDRF ने बताया कि साइक्लोन दितवाह की वजह से भारी बारिश की वजह से पूर्वी श्रीलंका में बाढ़ और लैंडस्लाइड की घटनाओं को देखते हुए, केंद्र सरकार के आदेश पर, 80 बचावकर्मियों वाली दो नेशनल डिज़ास्टर रिस्पॉन्स फ़ोर्स (NDRF) टीमों को श्रीलंका में बचाव और राहत काम के लिए भेजा है. टीम आज सुबह 04:06 बजे IL-76 से उड़ान भरी और 08:10 बजे कोलंबो में लैंड किया. इसके अलावा, लगभग 21 टन राहत सामग्री, जिसमें टेंट, कंबल, गद्दे, डिग्निटी किट और दूसरी चीज़ें शामिल हैं, भी प्रभावित देश में भेजी गई हैं.

In view of the incidents of flood and landslide in eastern Sri Lanka due to heavy rains on account of Cyclone Ditwah, as per orders of the Central government, two Disaster Response Force (NDRF) teams with a strength of 80 rescuers have been dispatched for rescue and… pic.twitter.com/UhudZyIJC8

साइक्लोन दितवाह के आने से पहले रामेश्वरम का दृश्य

#WATCH | Rameswaram, Tamil Nadu | Strong winds, rain and rough sea conditions in Pamban as a result of cyclonic storm ‘Ditwah’ moving north-northwest across Sri Lanka and the southwest Bay of Bengal.

मौसम विभाग ताजा अपडेट में बताया कि दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी पर चक्रवाती तूफान दितवाह पिछले 7 घंटों के दौरान 8 किमी प्रति घंटे की गति के साथ उत्तर-उत्तरपश्चिम की ओर बढ़ गया है. आज यानी कि 29 नवंबर को दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उससे सटे उत्तरी श्रीलंका के आसपास रहेगा. मौसम विभाग ने बताया सुबह साढ़े पांच बजे तक ये तूफान जाफना (श्रीलंका) से लगभग 80 किलोमीटर पूर्व-दक्षिणपूर्व में, त्रिंकोमाली (श्रीलंका) से 110 किलोमीटर उत्तर-उत्तरपश्चिम में, कराईकल (भारत) से 190 किलोमीटर दक्षिण-दक्षिणपूर्व में, पुदुचेरी (भारत) से 300 किलोमीटर दक्षिण-दक्षिणपूर्व में और चेन्नई (भारत) से 400 किलोमीटर दक्षिण में केंद्रित था.

30 नवंबर को भारत में दस्तक देगा साइक्लोन दितवाह (PTI)

डायरेक्टर जनरल डॉ. मृत्युंजय महापात्रा ने ANI को बताया, ‘हमें उम्मीद है कि यह श्रीलंका से निकलकर 29 तारीख की सुबह तक बंगाल की दक्षिण-पश्चिम खाड़ी में घुस जाएगा. फिर यह थोड़ा और तेज हो सकता है. हवा की इस स्पीड के साथ, साइक्लोन तूफ़ान उत्तर-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ता रहेगा और 30 तारीख की सुबह तक उत्तरी तमिलनाडु और पुडुचेरी के तट के पास पहुंच जाएगा.’

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